रक्षाबंधन श्रावण मास की पूर्णिमा तिथि पर मनाया जाता है। 2026 में रक्षाबंधन 27 अगस्त को है।
भद्रा काल में राखी क्यों नहीं बांधी जाती
भद्रा एक निश्चित करण (तिथि का आधा हिस्सा, जिसे विष्टि करण कहा जाता है) के दौरान बनती है। परंपरा में भद्रा काल को अशुभ माना गया है, इसलिए राखी बांधने की रस्म भद्रा हटाकर की जाती है। भद्रा हर पूर्णिमा को नहीं बनती और बनती भी है तो उसका समय हर साल अलग होता है।
भद्रा है या नहीं, कैसे पता करें
भद्रा का समय पूर्णिमा तिथि के भीतर विष्टि करण की शुरुआत और अंत से तय होता है। यह हर शहर के लिए एक जैसा ही रहता है क्योंकि यह तिथि-करण पर आधारित है, स्थान पर नहीं। रक्षाबंधन के दिन पंचांग पेज पर उस दिन का करण देखें; अगर विष्टि करण दिखे, तो वह भद्रा काल है और राखी उसके बाद बांधना बेहतर रहता है।
अंतिम फैसला परिवार का
अगर भद्रा पूरे दिन या ज्यादातर हिस्से में रहे, तो परंपरा में प्रदोष काल (शाम) में भी राखी बांधने की छूट है। परिवार की सुविधा और भाई-बहन का साथ होना पंचांग जितना ही ज़रूरी है।